सहायता केंद्र का उद्देश्य समाज के गरीब, असहाय एवं जरूरतमंद वर्गों को निःशुल्क कानूनी सलाह…….
आजमगढ़, 22 दिसंबर। माननीय उत्तर प्रदेश राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण, लखनऊ एवं माननीय जनपद न्यायाधीश/अध्यक्ष, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, आजमगढ़ के निर्देशों के क्रम में शुक्रवार को ग्राम न्याय सहायता अभियान के अंतर्गत विकास खंड मिर्जापुर की ग्राम पंचायत बीनापारा के पंचायत भवन में विधिक सहायता केंद्र का शुभारंभ किया गया। केंद्र का उद्घाटन फीता काटकर जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के सचिव श्री अंकित वर्मा ने किया।
इस अवसर पर सचिव श्री अंकित वर्मा ने बताया कि विधिक सहायता केंद्र का उद्देश्य समाज के गरीब, असहाय एवं जरूरतमंद वर्गों को निःशुल्क कानूनी सलाह एवं प्रतिनिधित्व उपलब्ध कराना है, ताकि वे अपने अधिकारों की रक्षा कर सकें और न्याय प्राप्त कर सकें। उन्होंने कहा कि जो लोग वकील या न्यायालय की फीस वहन करने में असमर्थ हैं, उनके लिए यह केंद्र अत्यंत उपयोगी सिद्ध होगा। उन्होंने बताया कि विधिक सहायता केंद्र के माध्यम से पैनल अधिवक्ताओं एवं पराविधिक स्वयंसेवकों द्वारा मुफ्त कानूनी जानकारी, सलाह तथा सहायता प्रदान की जाएगी। इस केंद्र पर श्री दिलेश गौड़ को निःशुल्क पैनल अधिवक्ता तथा ग्राम पंचायत सचिव को पराविधिक स्वयंसेवक के रूप में नामित किया गया है। पराविधिक स्वयंसेवक का दायित्व पैनल अधिवक्ता के सहयोग से दस्तावेज तैयार करना, नोटिस, शिकायतें एवं याचिकाएं लिखने में सहायता करना, प्री-लिटिगेशन और लोक अदालत के माध्यम से वादों के निस्तारण की जानकारी देना होगा।
कार्यक्रम में जिला पंचायत राज अधिकारी श्री पवन कुमार, तहसीलदार निजामाबाद श्री चमन सिंह, खंड विकास अधिकारी मिर्जापुर श्री अखिलेश गुप्ता, चीफ लीगल एड डिफेंस काउंसिल श्री आशीष कुमार राय, डिप्टी चीफ लीगल एड डिफेंस काउंसिल श्री प्रवीण कुमार सिंह, पैनल अधिवक्ता श्री दिलेश गौड़ सहित ग्राम प्रधान एवं अन्य गणमान्य लोग उपस्थित रहे।




