कथावाचकों की जाति पूछ कर किया गया गलत बर्ताव…..
इटावा। जिले के बकेवर थाना क्षेत्र दादरपुर गांव कि एक घटना ने सनातन संस्कृति हिंदू धर्म और मानवता को लज्जित करने वाला कार्य किया, जिसमें गैर ब्राह्मण कथा वाचकों के साथ बदसलूकी की हद को पार कर दिया गया जिसे ना कानून न समाज में सही ठहराया जा सकता है, 21वीं सदी के इस युग में इस तरह के घृणित कार्य करने उन लोगों को कड़ी से कड़ी सजा मिलनी चाहिए जो समाज में विष घोलने का कार्य कर रहे, हालांकि इस मामले में चार से अधिक गिरफ्तारियां हो चुकी हैं जिसमें मुख्य आरोपी 30 वर्षीय निक्की अवस्थी बताया जा रहा है, वही इस मामले में समाजवादी पार्टी भी कूद चुकी है अखिलेश यादव ने जहां सोशल मीडिया पर पोस्ट करते हुए कड़ी चेतावनी दी है तो वही ब्राह्मण वर्ग को इसके लिए जिम्मेदार ठहराया जा रहा है,

घटना 21 जून की बताई जा रही है जिसमें कथा वाचक का आरोप है कि ब्राह्मणों द्वारा उनके गांव में भागवत कथा कहने और यादव वर्ग का होने के कारण उनके साथ मारपीट के साथ ऊपर एक महिला का पेशाब छिड़कने तक की घृणित कार्य किया गया, भागवत कथावाचक मुकुट मणि सिंह यादव जो इटावा जिले के सिविल लाइन जवाहरपुर राजा बाग में रहते हैं जो मूल रूप से कानपुर के निवासी हैं, व उनके साथी संत सिंह यादव औरैया के अछल्दा और तीसरे साथी श्याम कठेरिया इटावा जिले के बकेवर के रहने वाले, यह सब मिलकर भागवत कथा का कार्य करते हैं इसी संबंध में 21 जून से 27 जून तक के लिए दादरपुर गांव में पाठक बाबा नामक व्यक्ति के माध्यम से पप्पू बाबा नामक व्यक्ति ने कराई थी, पीड़ित पक्ष द्वारा बताया गया कि कथा के पहले ही दिन शाम की भोजन के समय पप्पू बाबा ने कथा वाचक की जाति पूछी उन्होंने अपने आप को यादव बताया लेकिन पप्पू बाबा उन्हें दलित कहकर वाद विवाद करने लगा हालांकि इस संबंध में पीड़ित ने उन्हें अपने बेटे का नंबर दिया बात करने पर या स्पष्ट हुआ किया यादव ही है लेकिन इसके बाद भी वहां उपस्थित लोग उपद्रव की मूड में कथावाचकों के साथ वाद विवाद करने लगे और मारपीट शुरू हो गई,

इसके बाद पीड़ित कथा वाचक गाड़ी में बैठने लगे तो उन्हें गाड़ी से खींचकर गाली गुप्तारी देते हुए कपड़े वगैरा फाड़ दिए गए और कथा के दौरान उपयोग होने वाले कुछ यंत्रों को भी तोड़ दिया गया, इसके बाद भी उनकी आत्मा ना भरी तो कथा वाचकों की लात घुसो से पिटाई करते हुए मुकुट मणि सिंह यादव की चोटी काट दी गई और बाद में उनका सर भी मुड़वाया गया और सबसे घृतकर तब हुआ जब कथा में मुख्य यजमान बनी महिला को बुलवाया गया और महिला द्वारा कथा वाचकों के पूजन किया जाने के विरोध में महिला के पैर पर कथा वाचकों का नाक रगड़ते हुए महिला द्वारा उसका पेशाब मंगवा कर कथावाचकों पर छिड़काया गया, इतना सब करने के बाद उन्हें गांव से बेइज्जत करके भगाया गया,

कथावाचक पीड़ित पक्ष का कहना है कि इस मारपीट छीना झपटी में आरोपी दबंगों ने उनके ₹25000 एक सोने की चेन भी छीन लिए, इस घटना का वीडियो वायरल होने के बाद पुलिस ने मामले का संज्ञान लिया और पीड़ित पक्ष से इस मामले में संलिपित दोषी अतुल,मनीष, पप्पू बाबा, डीलर आदि नामज़द व 50 अज्ञात के विरुद्ध कोतवाली में रिपोर्ट दर्ज कराई, इस संबंध में कार्रवाई करते हुए स्थानी थाना पुलिस ने दादरपुर गांव निवासी घटना के आरोपी आशीष तिवारी, उत्तम अवशथी, प्रथम दुबे उर्फ मनु दुबे, निक्की अवस्थी को गिरफ्तार कर लिया है,




